भारत ने लिया ऐसा फैसला, मालामाल हो जाएगा पड़ोसी दोस्‍त नेपाल, पीएम प्रचंड ने की जमकर तारीफ

Updated on 05-09-2023 01:56 PM
काठमांडू: भारत और नेपाल के बीच दोस्‍ती के नए दौर में मोदी सरकार ने बड़ा फैसला लिया है। भारत ने औपचारिक रूप से फैसला किया है कि वह अगले 10 साल में 10 हजार मेगावाट बिजली नेपाल से खरीदने जा रहा है। भारत ने नेपाल के साथ हुए द्विपक्षीय समझौते के तहत बिजली खरीदने का यह समझौता किया है। नेपाल के प्रधानमंत्री पुष्‍प कमल दहल प्रचंड के कार्यालय ने भारत के इस फैसले पर खुशी जताई है और जमकर तारीफ की है। नेपाल के प्रधानमंत्री कार्यालय ने बताया कि उन्‍हें सूचना मिली है कि भारतीय कैबिनेट ने बिजली खरीदने के समझौते को मंजूरी दी है।

नेपाल के पीएमओ ने कहा कि भारत का यह फैसला नेपाल के आर्थिक व‍िकास के लिए मील का पत्‍थर साबित होगा। नेपाल के ऊर्जा मंत्री शक्ति बासनेट ने कहा कि प्रधानमंत्री प्रचंड की भारत यात्रा के दौरान लंबी अवधि के लिए बिजली समझौता हुआ था। इस समझौते के तहत भारत नेपाल से अगले 10 साल में 10 हजार मेगावाट बिजली खरीदने के लिए सहमत हुआ है। वहीं पीएम प्रचंड ने एक कार्यक्रम में कहा कि नेपाल पनबिजली सेक्‍टर में बड़ा बदलाव ला रहा है।

नेपाल के प्रधानमंत्री प्रचंड चीन के दौरे पर जा रहे


प्रचंड ने कहा कि नेपाल सरकार ऐसा माहौल बना रही है जिससे देश में पनबिजली के क्षेत्र में विदेशी निवेश को आकर्षित किया जा सके। उन्‍होंने कहा क‍ि नेपाल आने वाले दशक में हाइड्रोपावर के क्षेत्र में बदलाव के लिए पूरी तैयारी कर रहा है। प्रचंड ने कहा कि नेपाल इस समय भारत को 450 मेगावाट बिजली का निर्यात कर रहा है। हम इसे अगले 10 साल में 10 हजार मेगावाट तक पहुंचाने का लक्ष्‍य रख रहे हैं। इसके लिए भारत और नेपाल ने पहले ही एक द्विपक्षीय समझौते पर हस्‍ताक्षर कर चुके हैं।

नेपाल के प्रधानमंत्री ने बताया कि हाल की भारत यात्रा के दौरान उन्‍होंने पीएम मोदी से स्‍वच्‍छ ऊर्जा को लेकर बात की थी। इस बैठक के बाद लंबी अवधि के लिए बिजली खरीद का समझौता हुआ। हम अपनी ज्‍यादा पैदा हुई बिजली को अब भारत को बेच देंगे। मोदी कैबिनेट ने इस समझौते को ऐसे समय पर मंजूरी दी है जब नेपाल के प्रधानमंत्री प्रचंड चीन की यात्रा पर जाने वाले हैं। प्रचंड की योजना है कि चीन के साथ इसी तरह का बिजली समझौता किया जाय। यही नहीं भारत नेपाल के कई हाइड्रो पावर प्रॉजेक्‍ट को बना रहा है जिससे बिजली की आपूर्ति और ज्‍यादा होने की उम्‍मीद है।


अन्य महत्वपुर्ण खबरें

 11 August 2026
माले/इस्लामाबाद: मालदीव अपनी कमजोर अर्थव्यवस्था को सुधारने के लिए दक्षिण एशियाई देशों के संगठन 'सार्क' को फिर से शुरू करने की कोशिशें कर रहा है लेकिन उसके सारे दांव नाकाम…
 11 August 2026
मॉस्को/कीव: रूसी वायुसेना ने 4-5 अगस्त की रात को यूक्रेन पर 24 बैलिस्टिक मिसाइलों से हमला किया। यूक्रेनी वायु सेना ने इन मिसाइलों को 'इस्कंदर-M/S-400' कैटेगरी में रखा है। इसका…
 11 August 2026
लंदन: सूडान में चल रहे नरसंहार को लेकर दुबई के शासक को लंदन की सड़कों पर घेर लिया गया। मोहम्मद बिन राशिद अल-मकतूम जो दुबई के शासक होने के साथ…
 11 August 2026
वॉशिंगटन/अंकारा: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को पिछले महीने NATO शिखर सम्मेलन के बाद बेहद सीक्रेट तरीके से एक मिलिट्री विमान के जरिए तुर्की से बाहर निकाला गया था। अमेरिकी सीक्रेट…
 11 August 2026
काठमांडू: नेपाल के विदेश मंत्री शिशिर खनाल ने कहा है कि 1816 की वह मूल सुगौली संधि नहीं मिल रही है जिसने ब्रिटिश भारत के साथ उसकी सीमा तय की…
 11 August 2026
तेल अवीव: सऊदी अरब, तुर्की और पाकिस्तान के बीच हुए डिफेंस पैक्ट के बाद इजरायली डिफेंस सर्किल में भारत को 'इंश्योरेंस पॉलिसी' की तरह देखा जा रहा है। इजरायल में…
 10 August 2026
ढाका: भारत के उच्चायुक्त दिनेश त्रिवेदी ने बांग्लादेश के प्रधानमंत्री तारिक रहमान से सोमवार को मुलाकात की है। बांग्लादेश का उच्चायुक्त नियुक्त होने के बाद त्रिवेदी की बांग्लादेश के प्रधानमंत्री…
 10 August 2026
तेल अवीव: सऊदी अरब, पाकिस्तान और तुर्की के बीच हुए 'मक्का समझौते' के बाद इजरायल का मानना है कि इस समझौते के बाद उसके भारत से संबंध और मजबूत होंगे।…
 10 August 2026
ढाका: बांग्लादेश में हो रहे अहम घटनाक्रम के बीच भारत के चार सुरक्षा अधिकारियों का एक प्रतिनिधिमंडल ढाका पहुंचा है। भारतीय प्रतिनिधिमंडल बांग्लादेशी सेना की खुफिया एजेंसी डॉयरेक्टरेट जनरल ऑफ…
Advt.