UP में कोडीन कफ सिरप के अवैध कारोबार की जांच के लिए SIT गठित, अब तक 32 गिरफ्तार; शुभम का होगा प्रत्यर्पण!

Updated on 09-12-2025 01:03 PM
लखनऊ: उत्तर प्रदेश सरकार ने पांच ज़िलों में कोडीन-आधारित कफ सिरप और नशे के तौर पर इस्तेमाल होने वाली अन्य दवाओं के अवैध भंडारण और बिक्री की जांच की गति तेज हुई है। सोमवार को महानिरीक्षक (आईजी) स्तर के एक अधिकारी की अध्यक्षता में विशेष जांच दल (एसआईटी) के गठन की घोषणा की गई। प्रमुख सचिव, गृह संजय प्रसाद ने पत्रकारों से कहा कि राज्य सरकार इस मामले को ‘बेहद गंभीरता’ से ले रही है और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर एक एसआईटी गठित की जा रही है। संजय प्रसाद ने बताया कि जांच के लिए आईजी स्तर के एक अधिकारी के नेतृत्व में एसआईटी गठित की जा रही है। एसआईटी में खाद्य एवं औषधि सुरक्षा प्राधिकरण (एफडीएसए) के अधिकारी भी शामिल होंगे।

कफ सिरप से मौत नहीं

संजय प्रसाद ने यह भी बताया कि कोडीन-आधारित कफ सिरप के कारण राज्य में एक भी मौत नहीं हुई है। प्रमुख सचिव ने कहा कि यह एसआईटी सभी चल रही जांचों की नियमित समीक्षा करेगी, अभियुक्तों से प्राप्त हर सुराग को जोड़ेगी, उसके अनुसार आगे की कार्रवाई तय करेगी और सभी संबंधित वित्तीय लेनदेन की गहन जांच करेगी।

डीजीपी ने कहा, नेटवर्क का पर्दाफाश

पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) राजीव कृष्ण ने कहा कि अब तक की जांच में प्रमुख ‘सुपर स्टॉकिस्ट’ के एक नेटवर्क का पर्दाफ़ाश हुआ है जो कथित तौर पर कोडीन-आधारित सिरप के अवैध लेन-देन में शामिल हैं। उन्होंने कहा कि पांच प्रमुख ‘सुपर स्टॉकिस्ट’ की पहचान कर ली गई है। उन्होंने कहा कि उनमें से तीन वाराणसी से शुभम जायसवाल के पिता भोला जायसवाल, सहारनपुर से विभोर राणा और गाजियाबाद से सौरभ त्यागी को पहले ही गिरफ्तार किया गया है तथा दो और ‘सुपर-स्टॉकिस्ट’ जांच के दायरे में हैं और कार्रवाई जारी है
डीजीपी राजीव कृष्ण के अनुसार, राज्य में तस्करी की गई कफ सिरप की भारी बरामदगी हुई है। डीजीपी ने कहा कि अब तक लगभग 3.5 लाख बोतलें बरामद की जा चुकी हैं, जिनकी कीमत लगभग 4.5 करोड़ रुपये है। हमने अब तक इस अवैध व्यापार से जुड़े कुल 32 लोगों को गिरफ्तार किया है

तस्करी के मिले हैं सबूत

डीजीपी राजीव कृष्ण ने कहा कि जांचकर्ताओं को भारत-नेपाल और भारत-बांग्लादेश सीमाओं के पार तस्करी किए जाने के सबूत मिले हैं। उन्होंने कहा कि नेपाल और बांग्लादेश की ओर जाने वाली खेप के सबूत सामने आए हैं। हम इन सुरागों पर काम कर रहे हैं। हम बैंकिंग चैनलों के माध्यम से वित्तीय लेनदेन की पुष्टि कर रहे हैं। डीजीपी ने जांच के संबंध में सोशल मीडिया पर प्रसारित हो रही गलत सूचनाओं के प्रति भी आगाह किया।
डीजीपी ने कहा कि सोशल और डिजिटल मीडिया पर बहुत सी बातें बिना सबूत और बिना तथ्यों के सामने आती हैं। हम वित्तीय साक्ष्य एकत्र कर रहे हैं। धनराशि लेनदेन के सत्यापित आधार नाम सामने आए हैं। अवैध रूप से धनराशि उन जगहों और व्यक्तियों को भेजी गई, जिनके पास वैध लाइसेंस नहीं था। यहां तक कि ठेले वालों को भी और इसके साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं।

शुभम के प्रत्यर्पण का प्रयास

मामले के मुख्य आरोपी शुभम जायसवाल के विदेश भाग जाने की खबरों के बारे में पूछे जाने पर डीजीपी राजीव कृष्ण ने कहा कि जरूरत पड़ने पर हम प्रत्यर्पण का प्रयास करेंगे। उन्होंने कहा कि प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने भी इस मामले को अपने हाथ में लिया है । उन्होंने जांच को प्रभावित करने के सोशल मीडिया के दावों को ‘निराधार’ बताते हुए खारिज कर दिया है।

गहन जांच के आदेश

खाद्य एवं औषधि सुरक्षा प्राधिकरण (एफडीएसए) आयुक्त रोशन जैकब ने कहा कि मुख्यमंत्री ने कोडीन-आधारित कफ सिरप समेत मादक पदार्थ श्रेणी की दवाओं की अवैध हेराफेरी की गहन जांच के निर्देश दिए हैं। रोशन जैकब ने बताया कि मैं स्पष्ट करना चाहती हूं कि कोडीन-आधारित कफ सिरप प्रतिबंधित दवा नहीं है। यह अनुसूची एच के अंतर्गत आता है और इसे केवल डॉक्टर के पर्चे पर ही बेचा जाना चाहिए। इसे कानूनी रूप से रखने या बेचने में कुछ भी गलत नहीं है।

रोशन जैकब ने कहा कि समस्या तब उत्पन्न होती है जब बिना किसी सहायक दस्तावेज़ और उचित खरीद-बिक्री रिकॉर्ड के भारी मात्रा में आपूर्ति की जाती है। लाइसेंसिंग प्राधिकारी होने के नाते, हम इसे उल्लंघन मानते हैं। उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश में हुई किसी भी जानलेवा कफ सिरप की घटना का उत्तर प्रदेश में कोई संबंध नहीं है। सभी ज़िलों ने इसकी पुष्टि की है।

सख्त प्रशासनिक कार्रवाई शुरू

एफडीएसए आयुक्त रोशन जैकब ने कहा कि विभाग ने अवैध व्यापार में शामिल लोगों के खिलाफ सख्त प्रशासनिक कार्रवाई शुरू कर दी है। उन्होंने कहा कि हमने लगभग 280 दवा लाइसेंस रद्द करने के लिए नोटिस जारी किए हैं। जहां भी खामियां पायी गयी हैं, कार्रवाई की जा रही है। एक आधिकारिक बयान के अनुसार, केंद्रीय नारकोटिक्स ब्यूरो (सीबीएन) मध्यप्रदेश से प्राप्त महत्वपूर्ण सूचनाओं के प्रारंभिक सत्यापन के दौरान, एफएसडीए मुख्यालय की एक विशेष टीम ने विभिन्न औषधि निरीक्षकों के साथ मिलकर हिमाचल प्रदेश स्थित दो कोडीन कफ सिरप निर्माता फर्मों की जांच की।

इसके अलावा सीबीएन ने उत्तराखंड स्थित तीन ऐसे निर्माताओं, हरियाणा स्थित एक निर्माता के एक डिपो और झारखंड के रांची स्थित एक बहुराष्ट्रीय निर्माता सैली ट्रेडर्स के सुपर-स्टॉकिस्ट की जांच की। इन निरीक्षणों के दौरान कोडीन-आधारित कफ सिरप के निर्माण, भंडारण, खरीद-बिक्री और वितरण से संबंधित रिकॉर्ड और जानकारी मिली।एकत्रित जानकारी और दस्तावेजों की जांच से पता चला कि इन कंपनियों ने उत्तर प्रदेश के कुछ जिलों में चुनिंदा दवा प्रतिष्ठानों को बार-बार बड़ी मात्रा में कोडीन-आधारित कफ सिरप बेचा था। विशेष रूप से चल रहे निरीक्षणों के दौरान पाए गए उल्लंघनों की पुष्टि के बाद - ड्रग निरीक्षक ने भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) और स्वापक औषधि और साइकोएक्टिव पदार्थ अधिनियम, 1985 की संबंधित धाराओं के तहत 28 जिलों में 128 प्रतिष्ठानों और उनके संचालकों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की है।

अन्य महत्वपुर्ण खबरें

 23 July 2026
नई दिल्ली, पीएम नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को ऐलान किया कि पेपर लीक के दोषियों को सजा देने के लिए फास्ट ट्रैक कोर्ट्स बनाए जाएंगे। युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़…
 23 July 2026
रायपुर: छत्तीसगढ़ में एक एडवोकेट कपल का सामाजिक बहिष्कार का सामना करना पड़ रहा है। दोनों ने दावा किया है कि करीब एक साल से उन्हें शादियों और अंतिम संस्कार…
 23 July 2026
जालौन: यूपी के चर्चित आईएएस अफसर रिंकू सिंह इस बार मुश्किल में हैं। जालौन में न्‍यायिक उप जिलाधिकारी पद पर तैनात आईएएस रिंकू सिंह राठी और ब्‍लॉक प्रमुख रामराजा निरंजन…
 23 July 2026
गुना: मध्य प्रदेश के गुना जिले में अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति वर्ग के भू-स्वामियों की जमीनों के अवैध कब्जे और शोषण के मामले में हाईकोर्ट ने बेहद सख्त रुख…
 23 July 2026
अहमदाबाद: 13 साल गुजरात के मुख्यमंत्री और अब पिछले 12 साल से प्रधानमंत्री के बड़े दायित्व को संभाल रहे नरेंद्र मोदी अपने मंत्रियों के कामकाज पर खुद नजर रखते हैं।…
 23 July 2026
पटना: बिहार में दिल्ली के जंतर मंतर पर नीट छात्र और कॉकरोच जनता पार्टी के प्रदर्शन पर माहौल गरम है। पटना में भी उसी तर्ज पर बुधवार को छात्रों ने…
 22 July 2026
पटना: बिहार विधानमंडल के मानसून सत्र के तीसरे दिन सदन के भीतर और बाहर उस समय जोरदार हंगामा देखने को मिला, जब सत्ताधारी दल के नेताओं ने नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी…
 22 July 2026
लखनऊ: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आवास के पास धरना देने पहुंचे सपा और कांग्रेस नेताओं ने मंगलवार देर शाम जमकर प्रदर्शन किया। हंगामा इतना बढ़ा कि पुलिस सबको पकड़कर थाने…
 22 July 2026
पटना: बिहार के बांकीपुर विधानसभा उपचुनाव में राजनीतिक सरगर्मी अपने चरम पर पहुंच गई है। जन सुराज के नेता प्रशांत किशोर ने भारतीय जनता पार्टी पर हमला बोलते हुए कहा…
Advt.