सिंगापुर में आम चुनाव के लिए वोटिंग जारी:सत्तारूढ़ PAP और विपक्षी वर्कर्स पार्टी में मुकाबला

Updated on 03-05-2025 02:57 PM

सिंगापुर में आज संसदीय चुनाव के लिए वोटिंग हो रही है। इस चुनाव में मुख्य मुकाबला 1965 से सत्ता पर काबिज पीपुल्स एक्शन पार्टी (PAP) और प्रमुख विपक्षी दल वर्कर्स पार्टी (WP) के बीच है। इन दोनों के अलावा कई अन्य छोटे दल भी चुनावी मैदान में हैं। इस चुनाव का रिजल्ट 4 मई को आ सकता है।

सिंगापुर के 33 निर्वाचन क्षेत्रों की 97 संसदीय सीटों के लिए वोटिंग की जाएगी। इनमें सिंगल मेंबर कॉन्स्टिट्यूएंसी (SMC) और ग्रुप रिप्रेजेंटेशन कॉन्स्टिट्यूएंसी (GRC) शामिल हैं। GRC में 4-5 उम्मीदवारों की टीम चुनाव लड़ती है, जिसमें कम से कम एक अल्पसंख्यक समुदाय (मलय, भारतीय, या अन्य) का उम्मीदवार होना जरूरी है।

पीएम पद के प्रमुख दावेदार

लॉरेंस वॉन्ग: 15 मई 2024 को ली सीन लूंग की जगह लॉरेंस वॉन्ग ने सिंगापुर के प्रधानमंत्री संभाला था। वो PAP के महासचिव भी हैं। इससे पहले वो वित्त मंत्री और उपप्रधानमंत्री के जिम्मेदारी संभाल चुके हैं। कोविड-19 के वक्त लिए गए फैसलों और आर्थिक नीतियों की वजह से उन्हें काफी लोकप्रियता मिली थी।

हेंग स्वी कीट: सिंगापुर के उपप्रधानमंत्री हैं। वे PAP के सीनियर लीडर हैं। हेंग को पहले मजबूत दावेदार माना जाता था, लेकिन 2021 में उन्होंने स्वास्थ्य वजहों से प्रधानमंत्री पद की दौड़ से खुद को अलग कर लिया था। अगर किसी वजह से लॉरेंस वॉन्ग पीछे हटते हैं तो हेंग स्वी कीट प्रमुख उम्मीदवार बन सकते हैं।

प्रीतम सिंह: वर्कर्स पार्टी के प्रमुख प्रीतम सिंह भी सिंगापुर की राजनीति में एक प्रमुख चेहरा हैं, हालांकि उनके प्रधानमंत्री बनने की संभावना न के बराबर है, क्योंकि उनकी पार्टी सिर्फ 26 सीटों पर ही चुनाव लड़ रही है। भारतीय मूल के प्रीतम सिंह की लीडरशिप में वर्कर्स पार्टी ने पिछले चुनाव में मजबूत प्रदर्शन करते हुए 10 सीटें जीती थी।

इस साल फरवरी ने उनका नाम तब विवादों में घिर गया था जब सिंगापुर की एक अदालत ने उन्हें संसद में शपथ लेकर झूठ बोलने के दो मामलों में दोषी करार दिया था। इसके लिए उन पर 5,220 डॉलर के दो जुर्माने भी लगाए गए थे।

सिर्फ PAP ही सभी सीटों पर चुनाव लड़ रही

चुनाव में 11 पार्टियां हिस्सा ले रही हैं, लेकिन सिर्फ PAP ही सभी 97 सीटों पर चुनाव लड़ रही है। जबकि वर्कर्स पार्टी सिर्फ 26 सीटों के लिए चुनाव लड़ रही है। सिर्फ छह पार्टियां ही 10 से ज्यादा सीटों पर चुनाव लड़ रही हैं​।

2020 के आम चुनाव में कुल 93 सीटों के लिए वोटिंग की गई थी, जिसमें PAP ने 83 सीटें जीती थीं, उसे 61.24% वोट मिले थे। जबकि वर्कर्स पार्टी ने 10 सीटें जीती थीं।

इस बार के चुनाव में आर्थिक विकास, रोजगार, बढ़ती महंगाई, हेल्थ, एजुकेशन और अल्पसंख्यक समुदाय की सरकार में हिस्सेदारी एक प्रमुख मुद्दा है।

सिंगापुर में मतदान करना एक सिविल ड्यूटी

सिंगापुर में 21 साल से ज्यादा उम्र के सभी नागरिकों के लिए वोटिंग अनिवार्य है। 2020 के चुनाव में कुल 95.81% मतदान हुआ था। इस बार भी उम्मीद है कि वोटिंग परसेंट काफी हाई होगा, क्योंकि सिंगापुर में मतदान को सिविल ड्यूटी माना जाता है।

सिंगापुर में फर्स्ट-पास्ट-द-पोस्ट सिस्टम का इस्तेमाल होता है, जिसमें सबसे ज्यादा वोट पाने वाले उम्मीदवार की जीत होती है।

भारतीय समुदाय को लुभाने की कोशिश PM वॉन्ग ने भारतीय समुदाय को रिझाने के लिए कई कदम उठाए हैं। उन्होंने कुछ वक्त पहले कहा था कि भारतीय समुदाय की कहानी सिंगापुर की कहानी का हिस्सा है। दूसरी तरफ विपक्ष दल WP का फोकस युवा मतदाताओं और शहरी मध्यम वर्ग को लुभाने पर है।

प्रधानमंत्री लॉरेंस वॉन्ग ने पिछले महीने घोषणा की थी कि उनकी PAP पार्टी इस चुनाव में भारतीय मूल के उम्मीदवारों को मैदान में उतारेगी। यह कदम भारतीय समुदाय के योगदान को मान्यता देने और उनकी भागीदारी बढ़ाने के लिए उठाया गया है।

2020 के चुनाव में PAP ने भारतीय मूल के किसी नए उम्मीदवार को नहीं उतारा था, जिसके बाद इसे लेकर कई सवाल उठे थे। सिंगापुर की आबादी में भारतीय मूल के लोग संख्या 7.5% हैं, जबकि चीनी मूल के 75% और मलय मूल के 15% लोग हैं।

सिंगापुर में 65 साल से एक ही पार्टी की सरकार

सिंगापुर में पीपल्स एक्शन पार्टी (PAP) का 1959 से लगातार शासन रहा है। सिंगापुर की राजनीतिक सिस्टम को जापान (1955-1993, लिबरल डेमोक्रेटिक पार्टी) की तरह "एक पार्टी सिस्टम" माना जाता है, जहां एक प्रमुख दल शासन करता है, और विपक्ष सीमित प्रभाव रखता है।

मेक्सिको की इंस्टीट्यूशनल रिवॉल्यूशनरी पार्टी (PRI, 1929-2000) के बाद PAP दूसरी सबसे लंबी अवधि तक सत्ता में रहने वाली पार्टी है।

सिंगापुर में पिछले 65 साल से कोई और पार्टी की सरकार नहीं बनी है। हालांकि सिंगापुर में कई और पार्टियां भी हैं।


अन्य महत्वपुर्ण खबरें

 01 August 2026
ढाका: बांग्लादेश के विदेश मंत्री डॉ. खलीलुर रहमान ने कहा कि एक देश के साथ रिश्ते बेहतर होने का मतलब यह नहीं है कि दूसरे देश के साथ रिश्ते खराब…
 01 August 2026
मॉस्को/नई दिल्ली: भारत बिजली की रफ्तार से 'फ्यूचर रेडी कॉम्बैट व्हीकल' (FRCV) और 'फ्यूचर मेन बैटल टैंक' (FMBT) प्रोग्राम के तहत अपने खुद के बख्तरबंद लड़ाकू वाहनों का तेजी से…
 01 August 2026
मैड्रिड: स्पेन ने कहा है कि उत्तरी अफ्रीका के स्पेनिश इलाके सेउटा में अचानक आए प्रवासी संकट पर बहुत हद तक काबू कर लिया गया है। स्पेनिश अधिकारियों का कहना…
 01 August 2026
मास्‍को/नई दिल्‍ली/कीव: भारत और रूस के बीच दोस्‍ती सोवियत जमाने से ही दुनिया में एक मिसाल है। साल 1971 का बांग्‍लादेश युद्ध हो या भारत का परमाणु विस्‍फोट, रूस भारत…
 31 July 2026
ढाका: बांग्लादेश की राजधानी ढाका में स्थित चीनी दूतावास में 'पीपुल्स लिबरेशन आर्मी' की स्थापना की 99वीं वर्षगांठ मनाया गया है। इस मौके पर एक कार्यक्रम आयोजित किया जिसमें बांग्लादेश…
 31 July 2026
तेलअवीव/तेहरान: ईरान के नए सुप्रीम लीडर मोजतबा खामेनेनई ने अपने पिता की अयातुल्‍ला की हत्‍या के बाद सत्‍ता तो संभाल ली है लेकिन उन्‍हें इस हमले के बाद किसी ने…
 31 July 2026
इस्लामाबाद: फारूक खान उर्फ कमांडर फारूक सुधन की पीओके में प्रदर्शन के दौरान पाकिस्तानी रेंजर्स की गोलीबारी की चपेट में आने से मौत हो गई है। वो पहले पाकिस्तान के…
 31 July 2026
काठमांडू: नेपाल के दक्षिणपूर्वी तराई-मधेस क्षेत्रों जैसे कोशी और मधेस प्रांत में दो समुदायों के बीच हुई सांप्रदायिक झड़प के बाद हिंसा फैल गई है। ये क्षेत्र भारत की सीमा…
 31 July 2026
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने शुक्रवार को दावा किया कि गाजा में हमास और इजराइल के बीच एक बड़ा समझौता हुआ है। हमास और दूसरे सभी हथियारबंद संगठनों ने हथियार…
Advt.