परमाणु विस्फोट के वक्त कहां छिपे? वैज्ञानिकों ने खोजी सबसे सुरक्षित जगह, आप भी जान लें

Updated on 20-01-2023 07:04 PM
मॉस्को: परमाणु बम को सामूहिक विनाश का हथियार कहा जाता है। यह एक बार में किसी भी परंपरागत विस्फोटक की तुलना में एक बड़े क्षेत्र को तबाह कर सकता है। परमाणु बम किसी भी जीव को कई तरीकों से मार सकता है। हालांकि, इससे बचना भी पूरी तरह से संभव है, बशर्ते आप विस्फोट से पैदा हुए आग के गोले से काफी दूर हों। शोधकर्ताओं के ग्रुप ने दावा किया है कि अगर कोई इंसान परमाणु उपकरण के विस्फोट से एक निश्चित दूरी पर किसी इमारत में हो तो वह आसानी से जीवित बच सकता है। उन्होंने कहा कि आप इमारत के कितने अंदर या बाहर हैं, यह भी बहुत मायने रखता है। इसके साथ ही उस इमारत की संरचना भी काफी प्रभाव डाल सकती है। उस संरचना के अंदर आपका स्थान भी आपके बचे रहने में प्रमुख भूमिका निभा सकता है।

परमाणु बम का शॉकवेव काफी खतरनाक


साइप्रस में निकोसिया विश्वविद्यालय के एक प्रोफेसर और इस स्टडी के सह-लेखक दिमित्रिस ड्रिकाकिस ने कहा कि हमारे अध्ययन से पहले कंक्रीट से बनी इमारत के अंदर मौजूद लोगों पर परमाणु विस्फोट की लहर के प्रभाव से जुड़ी कोई जानकारी नहीं थी। उन्होंने कहा कि हमारे अध्ययन से पता चलता है कि हवा की तेज रफ्तार लोगों के लिए काफी खतरनाक हो सकती है। इसके परिणामस्वरूप लोगों को गंभीर चोटें या उनकी मौत तक हो सकती है।

हाईटेक कंप्यूटर मॉडल से किया अध्ययन


मंगलवार को फिजिक्स ऑफ फ्लूइड्स जर्नल में प्रकाशित इस स्टडी में वैज्ञानिकों ने हाईटेक कंप्यूटर मॉडल का इस्तेमाल किया। इसके जरिए उन्होंने देखा कि परमाणु बम विस्फोट से पैदा हुई हवा की लहर किसी बिल्डिंग को कितना नुकसान पहुंचा सकती है। स्टडी के दौरान टीम ने खिड़कियों, दरवाजों, गलियारों और कमरों के विभिन्न हिस्सों में हवा की गति को देखा। इस दौरान उन्होंने यह पता लगाने की कोशिश की कि किसी इमारत में परमाणु विस्फोट के दौरान छिपने के लिए कि सबसे खराब स्थान कहां-कहां हैं।

परमाणु हमले से बचने के लिए कहां छिपें


इस स्टडी के सह-लेखक और सहयोगी निकोसिया प्रोफेसर इओएननिस कोकिनकिस ने कहा कि परमाणु हमले के दौरान किसी बिल्डिंग में छिपने के सबसे खतरनाक स्थान खिड़कियां, गलियारे और दरवाजे हैं। लोगों को इन स्थानों से दूर रहना चाहिए और तुरंत किसी सुरक्षित जगह पर आश्रय लेना चाहिए। यहां तक कि सामने वाले कमरे में विस्फोट का सामना करना पड़ रहा है तो उसी कमरे में दीवार के कोनों में बैठा व्यक्ति तेज हवा के हमलों से बच सकता है। उन्होंने बताया कि बेशक विस्फोट और शॉकवेव के आने के बीच का समय केवल सेकेंड में हो, फिर भी आपको बहुत जल्दी प्रतिक्रिया करनी होगी।
परमाणु बम विस्फोट से जुड़े हैं ये भी खतरें

लेखकों ने उल्लेख किया कि शॉकवेव के अलावा, एक परमाणु बम अपने साथ असंख्य अन्य खतरे भी लाता है। इसमें रेडियोधर्मी विकिरण, क्षतिग्रस्त इमारतें जो गिर सकती हैं, बिजली के तारों से करंट फैलने की संभावना, गैस लाइनों को नुकसान, और निश्चित रूप से आग का गोला सबसे ज्यादा खतरनाक होते हैं। ऐसे में लोगों को इन सभी के बारे में चिंतित होना चाहिए और तत्काल आपातकालीन सहायता लेनी चाहिए।

अन्य महत्वपुर्ण खबरें

 05 August 2026
नई दिल्ली/रियाद: यमन के पास लाल सागर में भारतीय झंडे वाले एक व्यापारिक जहाज को मिसाइल या रॉकेट जैसे किसी प्रोजेक्टाइल से हमला कर डूबो दिया गया। इस जहाज का…
 05 August 2026
कीव: यूक्रेन ने रूस पर युद्ध अपराध का आरोप लगाया है। यह आरोप यूक्रेनी शहर खेरसॉन में एक ड्रोन से सब्जी बेचने वाले का पीछा करने और उसे घायल करने…
 05 August 2026
इस्लामाबाद: पाकिस्तान ने एक बार फिर कश्मीर पर पुरानी बातों को दोहराया है। पाकिस्तानी सेना ने बुधवार को बयान जारी करते हुए कहा है कि वह कश्मीर के लोगों के…
 05 August 2026
वॉशिंगटन: भारत सरकार के फॉरेन कंट्रीब्यूशन (रेगुलेशन) एक्ट (FCRA) में बदलाव के प्रस्ताव की अमेरिकी कांग्रेसमैन राइली मूर ने आलोचना की है। उन्होंने कहा कि ये सीधे-सीधे ईसाईयों को निशाना…
 05 August 2026
इस्लामाबाद: पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर में हो रहे प्रदर्शनों ने दुनिया का ध्यान खींचा है। पीओके में लग रहे आजादी के नारों से बौखलाए पाकिस्तानी नेता कश्मीरियों को अहसानफरामोश…
 01 August 2026
ढाका: बांग्लादेश के विदेश मंत्री डॉ. खलीलुर रहमान ने कहा कि एक देश के साथ रिश्ते बेहतर होने का मतलब यह नहीं है कि दूसरे देश के साथ रिश्ते खराब…
 01 August 2026
मॉस्को/नई दिल्ली: भारत बिजली की रफ्तार से 'फ्यूचर रेडी कॉम्बैट व्हीकल' (FRCV) और 'फ्यूचर मेन बैटल टैंक' (FMBT) प्रोग्राम के तहत अपने खुद के बख्तरबंद लड़ाकू वाहनों का तेजी से…
 01 August 2026
मैड्रिड: स्पेन ने कहा है कि उत्तरी अफ्रीका के स्पेनिश इलाके सेउटा में अचानक आए प्रवासी संकट पर बहुत हद तक काबू कर लिया गया है। स्पेनिश अधिकारियों का कहना…
 01 August 2026
मास्‍को/नई दिल्‍ली/कीव: भारत और रूस के बीच दोस्‍ती सोवियत जमाने से ही दुनिया में एक मिसाल है। साल 1971 का बांग्‍लादेश युद्ध हो या भारत का परमाणु विस्‍फोट, रूस भारत…
Advt.