
भोपाल । मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान और भाजपा प्रदेशाध्यक्ष वीडी शर्मा शनिवार को इंदौर वे पहुंचे। उन्होंने भाजपा के महापौर प्रत्याशी पुष्यमित्र भार्गव के समर्थन में जनसभा ली। इसके बाद दोपहर में भार्गव ने नामांकन दाखिल किया। इस दौरान राष्ट्रीय महासचिव कैलाश विजयवर्गीय भी साथ रहे। हालांकि नामांकन रैली में सीएम शामिल नहीं हुए। आखिरी दिन होने के कारण अन्य प्रत्याशियों ने भी नामांकन दाखिल किए।
सीएम शिवराज ने कहा कि पुष्यमित्र मतलब जनता का मित्र। भारतीय जनता पार्टी सबसे अलग पार्टी है। मोदी जी, अमित शाह
जी, नड्डा जी
हमारे नेता हैं। पार्टी ने तय किया कि एक व्यक्ति के पास एक पद ही रहेगा। कांग्रेस में तो एक ही आदमी विधायक, सांसद और
महापौर के उम्मीदवार है। कमलनाथ या तो तुम्हारे पास कार्यकर्ता ही नहीं है, या कार्यकर्ता हैं तो उनकी कोई इज्जत नहीं है। इंदौर में लड़ाई धन के पुजारी और ज्ञान के पुजारी के बीच में है। मुझे पूरा विश्वास है कि इंदौर के विकास की परंपरा जो कैलाश विजयवर्गीय, मालिनी गौड़,
उमाशशि शर्मा ने कायम की है, उसे पुष्यमित्र आगे बढ़ाएंगे। इसे और स्वच्छ और सुंदर बनाएंगे।
इन्हीं के प्रयासों से इंदौर स्वच्छता में नवाचार ला रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि इंदौर की एक परंपरा है, जीवन मूल्य है, आदर्श है, संस्कार है। यह मां अहिल्या का शहर है इंदौर और यह मेरे सपनों का भी शहर है। आने वाले दस सालों में इंदौर बेंगलुरू और हैदराबाद को पीछे छोड़ देगा। पुष्यमित्र एक सर्वश्रेष्ठ अधिवक्ता हैं। हाई कोर्ट में सरकार के एडिशनल जनरल एडवोकेट के तौर पर पूरी प्रमाणिकता के साथ पुष्यमित्र भार्गव ने जनता का पक्ष रखने में कोई कमी नहीं छोड़ी है।
स्वच्छ छवि है और ऐसा कार्यकर्ता जिसे जब कहा गया कि नार्थ ईस्ट जाकर आओ तो वह वहां भी जाकर आया है। सीएम ने चेतावनीभरे लहजे में कहा कि भाजपा नेता हो जाएं सावधान। अगर कोई दूसरा मेयर बन गया तो हमारे सपने बिखर जाएंगे। फिर सपनों के शहर इंदौर में उद्घाटन को भी तरस जाओगे।
भाजपा प्रत्याशी पुष्यमित्र भार्गव ने परिवार के साथ खजराना गणेश मंदिर पहुंचे। वहां पूजन किया। इसके बाद हरसिद्धि मंदिर पहुंचे। दोपहर 2 बजे नामांकन फॉर्म भरने कलेक्टर कार्यालय पहुंचे। इस दौरान उनके साथ कैलाश विजयवर्गीय, पूर्व महापौर मालिनी गौड़, पूर्व आईडीए
अध्यक्ष मधु वर्मा, नगराध्यक्ष
गौरव रणदिवे आदि थे। रैली रथ से उतारने के बाद पुष्यमित्र भार्गव का हाथ पकड़कर कैलाश विजयवर्गीय कलेक्टर कार्यालय गए। कांग्रेस से महापौर पद के प्रत्याशी संजय शुक्ला पहले ही अपना नामांकन दाखिल कर चुके हैं। शनिवार को आखिरी तारीख होने के चलते कई प्रत्याशी नामांकन दाखिल करने पहुंचे। दिनभर गहमागहमी रही।
सीएम शिवराज ने कहा कि इंदौर बनाने के हमारे अपने सपने हैं। इंदौर का विकास, ग्रीन सिटी
इंदौर, क्लीन सिटी
इंदौर, आईटी सिटी
इंदौर, मेट्रो सिटी
इंदौर, स्मार्ट
सिटी इंदौर इन्वेस्टर्स सिटी इंदौर के लिए हमारा रोडमैप तैयार है। 21 हजार करोड़
रुपये के काम हम मिशन नगरोदय के तहत कर रहे हैं, 1700 करोड़ रुपये
के कार्य इंदौर में किए जा रहे हैं। कमलनाथ जी ने तो वल्लभ भवन को दलालों का अड्डा बना दिया था। अगर कांग्रेस आ गई, तो इंदौर
बर्बाद हो जाएगा। हम इंदौर के विकास और जनता के कल्याण में कोई कसर नहीं छोड़ेंगे।
विकास के लिए और इंदौर की भलाई के लिए इंदौर नगर निगम में भाजपा के महापौर का होना जरूरी है। कांग्रेस तो जनता को साडिय़ां और कपड़े बांटने का काम कर रही है। कांग्रेसी आएगा, दाना डालेगा, साड़ी लाएगा, तीर्थ यात्रा करवाने का नाटक करेगा, लेकिन हमें उनके जाल में नहीं फंसना है। गुंडे, बदमाश, माफिया, गड़बड़ करने वालों और गरीबों का हक छीनने वालों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। कोई गड़बड़ करेगा, तो बुलडोजर चलेगा। अकेले पुष्यमित्र ही नहीं, 85 के 85 पार्षद भी भाजपा के ही होना
भाजपा की पार्षद प्रत्याशियों की सूची में आपराधिक रिकॉर्ड वाले नेताओं को टिकट दिए जाने का विरोध हुआ। बताया गया कि वार्ड 18 से विजय
उर्फ विज्जु परमार और वार्ड 70 से भारत
रघुवंशी और वार्ड 82 से शानू
शर्मा पर कई केस दर्ज हैं। इसी तरह वार्ड 56 से युवराज उस्ताद की पत्नी स्वाति को टिकट दिया गया था, जिसे विरोध
के बाद काटना पड़ा। प्रदेशाध्यक्ष ने खुद इसकी जानकारी दी।
स्वाति की जगह गजानन गावडे को प्रत्याशी बनाया। इसी तरह वार्ड क्रमांक 54 में बाहरी प्रत्याशी को भाजपा द्वारा टिकट दिए जाने पर पूर्व पार्षद मंजू राकेश गोयल के समर्थन में सारे बूथ अध्यक्ष एवं सारे बूथ प्रभारी बीजेपी कार्यालय पर बीजेपी नगर अध्यक्ष गौरव रणदिवे को इस्तीफा सौंपने पहुंचे। वार्ड 66 में कंचन गिदवानी का बाहरी होने के कारण विरोध हुआ।