मध्यप्रदेश में 1 अप्रैल से प्रॉपर्टी खरीदना महंगा हो जाएगा। इसके चलते 31 मार्च को प्रदेशभर के रजिस्ट्रार ऑफिस में लोगों की भीड़ लगी रही। रात तक रजिस्ट्री कराने पंजीयन ऑफिस में लोग डटे रहे। भोपाल में आईएसबीटी और परी बाजार स्थित पंजीयक कार्यालय में सोमवार को करीब 600 पंजीयन हुए। रात करीब 10 बजे बड़ी संख्या में लोग दोनों दफ्तरों में अपना नंबर आने का इंतजार करते नजर आए।
इंदौर जिले में 2539 करोड़ की आय हुई है। सोमवार रात को 12 बजे के बाद तक दस्तावेजों का पंजीयन चलता रहा। जबलपुर में रात 10 बजे तक 425 रजिस्ट्रियां पूरी हो चुकी थीं। जिससे 9 करोड़ से ज्यादा का राजस्व प्राप्त हुआ है। ग्वालियर में 500 रजिस्ट्री और उज्जैन में 300 से अधिक रजिस्ट्रियां हुई।
बता दें प्रदेश में कुल 11,350 करोड़ राजस्व का लक्ष्य है।
भोपाल में सोमवार देर रात तक रजिस्ट्री करवाने का दौर चलता रहा। आईएसबीटी और परी बाजार स्थित दफ्तर में देर रात तक लोगों की भीड़ लगी रही। वरिष्ठ जिला पंजीयक स्वप्नेश शर्मा ने बताया, 1 अप्रैल से नई गाइडलाइन के हिसाब से ही प्रॉपर्टी की रजिस्ट्री होगी।
बता दें भोपाल में कुल 1312 लोकेशन पर कलेक्टर गाइडलाइन औसत 14 प्रतिशत तक बढ़ेगी। 1 अप्रैल से प्रॉपर्टी की रजिस्ट्री कराने पर लोगों को ज्यादा राशि चुकाना पड़ेगी। विरोध और दावे-आपत्ति के बाद प्रस्तावित गाइडलाइन में 4% की कमी की गई थी।
इससे पहले 27 मार्च को जिला मूल्यांकन समिति की बैठक हुई थी। इसमें भोपाल समेत 12 जिलों के पिछले 5 साल के आंकड़े दिखाकर गाइडलाइन फाइनल कर दी गई थी। ।
इंदौर: 2100 रजिस्ट्रियां, 2539 करोड़ की आय
इंदौर में रात 9 बजे की स्थिति में 2100 से ज्यादा दस्तावेजों का परीक्षण कर रजिस्ट्रियां की जा चुका थी। वरिष्ठ जिला पंजीयक, इंदौर 1 दीपक कुमार शर्मा ने बताया कि फाइनेंशियल ईयर 2024-25 में कुल 2541 करोड़ की आय हुई है। 1.85 लाख दस्तावेजों का पंजीयन किया गया है। कुल लक्ष्य 3077 करोड़ रुपए राजस्व एकत्रित करने का था।
जबलपुर: एक दिन में 475 रजिस्ट्री, 650 करोड़ राजस्व
जबलपुर में वित्तीय वर्ष के आखिरी दिन रजिस्ट्री कार्यालय में लोगों की भारी भीड़ देखी गई। जिला पंजीयन अधिकारी पवन अहिरवार ने बताया कि सोमवार को रात 9.30 बजे तक 425 रजिस्ट्रियां पूरी हो चुकी थीं। रात 12 बजे तक यह संख्या 475 तक पहुंचने की संभावना थी। जबकि 9 करोड़ से ज्यादा का राजस्व प्राप्त हुआ है।
पिछले वित्तीय वर्ष का राजस्व लक्ष्य 557 करोड़ रुपए था। इस वर्ष यह लक्ष्य 15 मार्च को ही पार कर लिया गया था। अब तक राजस्व 625 करोड़ रुपए के पार पहुंच चुका है। फाइनल आंकड़ा 650 करोड़ तक पहुंच सकता है।
जबलपुर जिले में नई कलेक्टर गाइडलाइन के मुताबिक प्रॉपर्टी रेट में 21 प्रतिशत तक की वृद्धि होगी। इसी कारण 31 मार्च को रजिस्ट्री कार्यालय में भारी भीड़ देखी गई।
ग्वालियर:रात 9 बजे तक 500 रजिस्ट्री
ग्वालियर में 1 अप्रैल से कलेक्टर गाइडलाइन के तहत 1572 जगह पर जमीनों के रेट बढ़ जाएंगे। जिस कारण मकान, जमीन की रजिस्ट्री में 20 फीसदी तक खर्च बढ़ जाएगा। यही कारण है कि ईद के दिन अवकाश पर भी ग्वालियर में रजिस्ट्रार ऑफिस में रात तक रजिस्ट्री का काम जारी रहेगा। रात 9 बजे तक की स्थिति में 500 के लगभग रजिस्ट्री मकान-जमीन की हो चुकी थीं। रात 12 बजे तक यह आंकड़ा 800 रजिस्ट्री के पार हो सकता है। एक दिन पहले रविवार को 750 के लगभग रजिस्ट्री हुई थीं।
बता दें कि ग्वालियर में एक अप्रैल से शहर में 1490 में से 1101 जगहों पर जमीनों के दाम बढ़ेंगे, जबकि गांव में 701 में से 471 पर दर वृद्धि होगी। 2014 के बाद से सबसे बड़ी बढ़ोतरी है।