जालसाजी नेटवर्क और प्रिडेटरी मार्केट प्राइस से छोटे व्यापारियों की सुरक्षा के लिए नीतिगत स्तर पर तुरंत कदम उठाने की अपील

Updated on 24-06-2026 04:58 PM

भोपाल : फेडरेशन ऑफ रिटेलर्स एसोसिएशन ऑफ इंडिया (एफआरएआई) मध्य प्रदेश शाखा ने आज भोपाल में मॉडर्न मार्केट में अवैध व्यापार का सामना’ (कन्फ्रंटिंग इलिसिट ट्रेड इन मॉडर्न मार्केट) विषय पर सेमिनार का आयोजन किया। इसमें रिटेलर्स, ट्रेड एसोसिएशंस एवं नीति निर्माता एक मंच पर आए और भारतीय रिटेल इकोसिस्टम के समक्ष दो तेजी से बढ़ते खतरों पर चर्चा की। ये दो खतरे हैं अवैध व्यापार का खतरनाक ढंग से बढ़ना और बाजार में अनुचित तौर-तरीकों का बढ़ता चलन। सेमिनार में हिस्सा लेने वालों ने बाजार में नकली उत्पादों, गैर-कानूनी डिस्ट्रीब्यूशन चैनलों और नियमों का पालन न करने वाले उत्पादों के बढ़ते प्रसार पर गंभीर चिंता जताई। साथ ही, उन्होंने इस बात पर भी जोर दिया कि कैसे कुछ क्विक कॉमर्स और ई-कॉमर्स मॉडल की प्रिडेटरी प्राइसिंग (बहुत कम कीमत रखने की रणनीति), भारी छूट और बेरोकटोक विस्तार से छोटे रिटेलर्स एवं पारंपरिक व्यवसायों के लिए गंभीर असंतुलन की स्थिति पैदा हो रही है। सेमिनार में इस बात पर जोर दिया गया कि अवैध व्यापार और बाजार के अनुचित तौर-तरीके, राज्यभर में असली व्यवसायों, सरकारी राजस्व, उपभोक्ताओं के भरोसे और लाखों छोटे व्यापारियों की आजीविका पर बुरा असर डाल रहे हैं।इस सेमिनार में भारतीय जनता पार्टी के भोपाल जिला अध्यक्ष माननीय श्री रवींद्र यति; भोपाल मैनेजमेंट एसोसिएशन के वाइस प्रेसिडेंट माननीय श्री राम गिरीश द्विवेदी; एम.आई.सी सद्श्य, नगर निगम, भोपाल माननीय श्री आर. के, बघेल और स्वतंत्र अधिवक्ता व कानूनी सलाहकार माननीय श्री उमेश द्विवेदी शामिल थे। इनके साथ ही, पूरे मध्य प्रदेश से विभिन्न व्यापार संगठनों और रिटेल एसोसिएशंस के वरिष्ठ प्रतिनिधि भी मौजूद रहे। मध्य प्रदेश के 'पथ विक्रेता एकता संघ' के अध्यक्ष रत्नेश उपाध्याय ने कहा, "छोटे रिटेलर और किराना स्टोर सिर्फ कारोबार नहीं हैं; ये भारत की स्थानीय अर्थव्यवस्था और सामुदायिक जीवन की रीढ़ हैं। आधुनिक रिटेल बाजार में बिजनेस के गलत तौर-तरीकों के बढ़ते चलन से पारंपरिक रिटेलर्स के लिए गंभीर चुनौतियां पैदा हो रही हैं। बहुत कम कीमत पर सामान बेचना (प्रिडेटरी प्राइसिंग), भारी डिस्काउंट देना, क्विक कॉमर्स और ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म का बेरोकटोक विस्तार और नकली सामान का बढ़ता चलन, मार्केट में निष्पक्ष प्रतिस्पर्धा के माहौल को बिगाड़ रहा है और लाखों छोटे व्यापारियों के अस्तित्व के लिए खतरा पैदा कर रहा है। अगर समय रहते सही कदम नहीं उठाए गए, तो भारत की पारंपरिक उद्यमिता की संस्कृति को नुकसान पहुंचने का खतरा है, जिसने पीढ़ियों से स्वरोगार करने वाले परिवारों को सहारा दिया है।" सेमिनार में उपस्थित लोगों ने इस बात पर जोर दिया कि प्लेटफॉर्म-आधारित रिटेल मॉडल के तेजी से विस्तार और नकली व नियमों का पालन न करने वाले उत्पादों के बढ़ते चलन से पारंपरिक व्यवसायों के लिए गंभीर चुनौतियां पैदा हो रही हैं। रिटेलर्स ने कहा कि जहां छोटे व्यापारी कम मार्जिन और ज्यादा जवाबदेही के साथ काम करते हैं, वहीं कई बड़े प्लेटफॉर्म आक्रामक डिस्काउंट और तेजी से विस्तार की रणनीतियों के जरिये बाजार पर अपना दबदबा बनाए हुए हैं। उपस्थित लोगों ने यह भी चेतावनी दी कि अवैध व्यापार और नकली सामान असली व्यवसायों को नुकसान पहुंचा रहे हैं, ग्राहकों का भरोसा कम कर रहे हैं और देशभर में लाखों छोटे रिटेलर्स की आजीविका पर बुरा असर डाल रहे हैं। टेक्नोलॉजी और इनोवेशन के महत्व को स्वीकारते हुए, उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि रिटेल सेक्टर में विकास निष्पक्ष, पारदर्शी और समावेशी होना चाहिए।

रिटेलर्स ने इस बात पर भी जोर दिया कि जहां एक ओर क्विक कॉमर्स और ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म रिटेल सेक्टर को तेजी से बदल रहे हैं और ग्राहकों तक तुरंत सामान पहुंचा रहे हैं, वहीं दूसरी ओर यही प्लेटफॉर्म गैर-कानूनी व्यापार और नकली उत्पादों के तेज प्रसार को लेकर गंभीर चिंताएं भी पैदा कर रहे हैं। सेमिनार में शामिल लोगों ने कहा कि फ्लैश सेल्स, बहुत ज्यादा डिस्काउंट, प्रिडेटरी प्राइसिंग की रणनीतियों और बहुत तेजी से डिलीवरी के लगातार दबाव से एक ऐसा माहौल बन रहा है, जहां ग्राहक अक्सर असली और नकली सामान के बीच फर्क नहीं कर पाते हैं। उपस्थित लोगों ने बताया कि आज खाने-पीने की चीजों, किराने के सामान और पर्सनल केयर के सामान से लेकर स्किनकेयर प्रोडक्ट्स, इलेक्ट्रॉनिक्स और हजारों रुपये की कीमत वाले प्रीमियम मोबाइल फोन तक, लगभग हर चीज क्विक कॉमर्स और ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म के जरिये कुछ ही मिनटों में डिलीवर की जा रही है। हालांकि, इतनी आसानी से सामान मिलने और सस्ती कीमतों की होड़ की वजह से प्रतिबंधित, गैर-कानूनी और नकली प्रोडक्ट्स के लिए बाजार में बड़े पैमाने पर घुसने के खतरनाक रास्ते भी खुल रहे हैं। रिटेलर्स का कहना है कि गैर-कानूनी व्यापारी और गलत तरीके से सामान बेचने वाले लोग तेजी से बढ़ते डिजिटल प्लेटफॉर्म का फायदा उठा रहे हैं। कमजोर निगरानी व्यवस्था तथा भारी छूट एवं तुरंत सामान पाने की ग्राहकों की चाहत का फायदा उठाकर ऐसे लोग बाजार में नकली और नियमों के मुताबिक न होने वाले उत्पाद बेच रहे हैं। रिटेलर्स ने चेतावनी दी है कि ग्राहक धीरे-धीरे क्वालिटी के बजाय कीमत पर ज्यादा ध्यान देने लगे हैं, जिससे डिजिटल कॉमर्स चैनलों पर गैर-कानूनी व्यापार के फलने-फूलने के लिए अनुकूल माहौल बन रहा है।

उपस्थित लोगों ने यह भी कहा कि ऐसे प्लेटफॉर्म तेजी से बढ़ रहे हैं और घटिया व संभावित रूप से असुरक्षित उत्पादों के प्रसार से उपभोक्ताओं पर बुरा असर डाल रहे हैं। साथ ही, यह उन असली ऑफलाइन रिटेलर्स के लिए भी बहुत नुकसानदेह है, जिन्होंने सालों तक भरोसा बनाने, असली उत्पादों की उपलब्धता सुनिश्चित करने और जिम्मेदारी के साथ अपने आसपास के लोगों को सर्विस प्रदान करने में मेहनत की है। रिटेलर्स ने इस बात पर जोर दिया कि बाजार में अनुचित तौर-तरीके, असमान प्रतिस्पर्धा और प्रिडेटरी प्राइसिंग स्ट्रक्चर की वजह से पारंपरिक व्यापारियों का टिके रहना मुश्किल होता जा रहा है, जबकि वे अपने कारोबार को बनाए रखने, बच्चों को पढ़ाने और परिवार का पेट पालने के लिए हर दिन 14 से 18 घंटे तक कड़ी मेहनत करते हैं। सेमिनार में उपस्थित लोगों ने जोर देकर कहा कि यह अब सिर्फ कारोबार का मामला नहीं रह गया है, बल्कि यह देशभर के लाखों ईमानदार छोटे रिटेलर्स की आजीविका और समाज से जुड़ा एक गंभीर मुद्दा बन गया है। यह एसोसिएशन पूरे मध्य प्रदेश के सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम (माइक्रो, स्मॉल एंड मीडियम) रिटेलर्स का एक संगठन है और राज्यभर के लगभग 2 लाख स्ट्रीट वेंडर्स, किराना स्टोर और पारंपरिक रिटेलर्स के हितों और उनकी आजीविका का प्रतिनिधित्व करता है। इसने लगातार ऐसे मुद्दों को उठाया है जो निष्पक्ष व्यापार, उपभोक्ता संरक्षण और तेजी से प्रतिस्पर्धी होते रिटेल इकोसिस्टम में छोटे व्यवसायों के अस्तित्व से जुड़े हैं।सेमिनार में उपस्थित लोगों ने साथ मिलकर मजबूत रेगुलेटरी निगरानी, निष्पक्ष प्रतिस्पर्धा नीतियों और छोटे रिटेलर्स के लिए समान अवसर की मांग की। उन्होंने नीति-निर्माताओं से ऐसे उपाय सुनिश्चित करने का भी आग्रह किया जिनसे ऑनलाइन रिटेल इकोसिस्टम में अवैध और गैर-कानूनी उत्पादों को पूरी तरह खत्म किया जा सके। सेमिनार का समापन सरकार, नीति-निर्माताओं और इंडस्ट्री से जुड़े लोगों से की गई एक सामूहिक अपील के साथ हुआ। इस अपील में छोटे रिटेलर्स के हितों की रक्षा करने और भारत के पारंपरिक उद्यमी इकोसिस्टम को बनाए रखने पर जोर दिया गया, क्योंकि यह इकोसिस्टम रोजगार पैदा करने, स्थानीय व्यापार और आर्थिक स्थिरता में अहम भूमिका निभाता है।


अन्य महत्वपुर्ण खबरें

 24 June 2026
भोपाल : फेडरेशन ऑफ रिटेलर्स एसोसिएशन ऑफ इंडिया (एफआरएआई) मध्य प्रदेश शाखा ने आज भोपाल में ‘मॉडर्न मार्केट में अवैध व्यापार का सामना’ (कन्फ्रंटिंग इलिसिट ट्रेड इन मॉडर्न मार्केट) विषय पर…
 23 June 2026
भोपाल : शैक्षणिक सत्र 2026-27 से मध्यप्रदेश के सभी शासकीय एवं अशासकीय विश्वविद्यालयों में मानसिक स्वास्थ्य संवर्धन एवं नशामुक्ति अभियान संचालित करने का अनुरोध प्रदेश के प्रसिद्ध डॉक्टर एवं देवी…
 20 June 2026
इंदौर। अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस 2026 के उपलक्ष्य में आयोजित “Yoga for Healthy Ageing” अभियान के अंतर्गत 19 जून 2026 को आयोजित सूर्य नमस्कार यज्ञ एवं पुरस्कार वितरण समारोह अत्यंत उत्साह, श्रद्धा…
 19 June 2026
इंदौर। शहर के चिकित्सकों का प्रतिष्ठित सांस्कृतिक समूह स्पंदन परिवार पिछले 35 वर्षों से चिकित्सा सेवा और संगीत साधना के अनूठे संगम की परंपरा को आगे बढ़ाते हुए इस वर्ष…
 15 June 2026
भोपाल : डिजिटल युग में अपने बिज़नेस को बढ़ाने, नए ग्राहक जोड़ने और महीने के ₹15,000+ की अतिरिक्त आय कमाने का एक शानदार मौका। PayNearby – भारत का अग्रणी शाखारहित…
 13 June 2026
भोपाल: धानुका एग्रीटेक लिमिटेड ने आज भोपाल में आयोजित एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में किसानों को नकली कृषि उत्पादों के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से एक विशेष अभियान की घोषणा की। इस अभियान…
 06 June 2026
इंदौर। विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ आर्किटेक्ट्स (IIA), इंदौर सेंटर द्वारा आयोजित कार्यशाला “फ्यूचर बाय डिज़ाइन: द थर्ड आई – बियॉन्ड बाउंड्रीज़” का सफल आयोजन किया…
 04 June 2026
इंदौर। शहर के लोकप्रिय कैफ़े ब्रांड द क्रश कॉफी ने अपने ग्राहकों के लिए एक नए और अनूठे अनुभव की शुरुआत करते हुए संडे ब्रंच लॉन्च करने की घोषणा की…
 03 June 2026
इंदौर। विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर इंडियन इंस्टिट्यूट ऑफ आर्किटेक्टस (IIA), इंदौर सेंटर द्वारा एक विशेष आयोजन किया जा रहा है जिसका उद्देश्य पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ाने…
Advt.